पद्म
Padma
Padma · IAST
कमल, पवित्र पुष्प।
उभय1 शास्त्रीय सन्दर्भ
शास्त्रीय सन्दर्भ
भगवद् गीता · 5.10
ब्रह्मण्याधाय कर्माणि सङ्गं त्यक्त्वा करोति यः । लिप्यते न स पापेन पद्मपत्रमिवाम्भसा ॥
brahmaṇyādhāya karmāṇi saṅgaṁ tyaktvā karoti yaḥ . lipyate na sa pāpena padmapatram ivāmbhasā ..
जो आसक्ति छोड़कर सब कर्म ब्रह्म को अर्पित करके करता है, वह पाप से वैसे ही अछूता रहता है जैसे कमल का पत्ता जल से।
स्रोत: akshara-pravaaha.com/naamaavali/padma · CC BY-SA 4.0 · सन्दर्भ — भगवद् गीता