राजीवनेत्र

Raajeevanetra

Rājīvanetra · IAST

कमल जैसे नेत्रों वाला।

बालकतुला1 शास्त्रीय सन्दर्भ

शास्त्रीय सन्दर्भ

  • रामरक्षास्तोत्र

    लोकाभिरामं रणरङ्गधीरं राजीवनेत्रं रघुवंशनाथम् । कारुण्यरूपं करुणाकरं तं श्रीरामचन्द्रं शरण्यं प्रपद्ये ॥

    lokābhirāmaṃ raṇaraṅgadhīraṃ rājīvanetraṃ raghuvaṃśanātham | kāruṇyarūpaṃ karuṇākaraṃ taṃ śrīrāmacandraṃ śaraṇyaṃ prapadye ||

    मैं श्रीरामचन्द्र की शरण लेता हूँ - जो संसार को आनन्द देने वाले, रणभूमि में धीर-वीर, कमल जैसे नेत्रों वाले, रघुवंश के स्वामी, करुणा के साक्षात् रूप, दया करने वाले और शरण देने योग्य हैं।

स्रोत: akshara-pravaaha.com/naamaavali/rajivanetra · CC BY-SA 4.0 · सन्दर्भ — रामरक्षास्तोत्र

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